पिण्डे पिण्डे मतिर्भिन्ना

Subhashitam

पिण्डे पिण्डे मतिर्भिन्ना कुण्डे कुण्डे नवं पयः । जातौ जातौ नवाचाराः नवा वाणी मुखे मुखे ॥

पिण्डे पिण्डेप्रत्येक व्यक्ति में
मतिःबुद्धि
भिन्नाभिन्न
कुण्डे कुण्डेप्रत्येक तालाब में
पयःजल
जातौ जातौप्रत्येक जाति में
आचाराःआचार
वाणीवाणी

प्रत्येक व्यक्ति की बुद्धि भिन्न होती है, प्रत्येक तालाब में जल भिन्न; प्रत्येक जाति में अलग-अलग आचार और प्रत्येक मुख से अलग-अलग वाणी।

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